ANDAAJ - E - SHAYARI
Thursday, 20 February 2014
आजकल का प्यार शुरू होता है
मोबाइल की तरह हर रोज काल से
और खत्म जब होता है तो
बैलेंस के लायक नहीं रह जाता दोस्त !!
अजीत कुमार तलवार
मेरठ
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